*झूठे वादे करके सत्ता में आई सरकार, नशा खत्म करने, बेअदबी की सजाओं, कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने समेत सभी मुद्दों पर फेल हो चुकी है आप सरकार :- बलकार सिंह गिल*
*सरकार किलोमीटर स्कीम प्राइवेट बसों और ठेकेदारी प्रथा से विभागों का निजीकरण करके युवाओं का रोजगार खत्म कर युवाओं को धकेल रही है नशे की तरफ :- अंग्रेज सिंह सिद्धू*
*बठिंडा, 15 अक्टूबर 2026:* आज पंजाब रोडवेज, पनबस / पी.आर.टी.सी. कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन पंजाब द्वारा बठिंडा डिपो के गेट पर रैली करके रोष प्रदर्शन किया गया।
इस मौके पर सूबा नेता सरबजीत सिंह भुल्लर ने कहा कि सरकार सत्ता में आते समय पंजाब के लोगों और कर्मचारियों से बड़े वादे करके सत्ता में आई थी, लेकिन अब तक मुख्य मुद्दों में बेअदबी के दोषियों को सजा दिलाने, नशा खत्म करने, रेत, ट्रांसपोर्ट, केबल माफिया समेत सभी माफिया खत्म करने में सरकार फेल ही नहीं हुई, बल्कि उल्टा वह नशे के सौदागरों से मिल चुकी है। जिसके परिणामस्वरूप युवाओं की हत्या हो रही है। पंजाब के जागते जमीर वाले लोगों द्वारा आज किए गए पंजाब बंद का यूनियन समर्थन करती है।
इसके अलावा सरकार के आखिरी समय में भी कर्मचारियों की मांगें पूरी करने से सरकार पूरी तरह असफल है। अब तक ट्रांसपोर्ट विभाग में सरकार द्वारा एक भी कर्मचारी पक्का नहीं किया गया और पिछले 5 सालों से आम आदमी पार्टी द्वारा कोई भी नई सरकारी बस नहीं डाली गई। उल्टा ठेकेदारी प्रथा के जरिए युवाओं का शोषण करवाया जा रहा है। जो सरकार किलोमीटर स्कीम बसों के जरिए विभागों की लूट अपने चहेतों को करवा रही है। यूनियन द्वारा लूट बंद करवाने, नई सरकारी बसें डालने समेत अपनी जायज मांगों के संबंध में अब तक लगभग सरकार के साथ 70 से 75 मीटिंगें हो चुकी हैं, लेकिन अफसोस की बात है कि इन मीटिंगों के बावजूद कर्मचारियों की समस्याओं का कोई ठोस हल नहीं निकाला गया।
डिपो कैशियर बलकार सिंह गिल ने बोलते हुए कहा कि सरकार ने साल 2026 का एक एक्ट लाया है जिसके जरिए आउटसोर्स कर्मचारियों को कॉन्ट्रैक्ट पर करने की प्रक्रिया बनाई है, जिसे ठंडे बस्ते में डालकर समय टपाया जा रहा है। और 11 साल से सारी प्रक्रिया पूरी करके कर्मचारी कॉन्ट्रैक्ट पर काम कर रहे हैं। उन्हें विभागों में सर्विस रूल के तहत पक्का करने की मांगों को लेकर लंबे समय से संघर्ष किया जा रहा है जिसे बार-बार नजरअंदाज किया जा रहा है। और विभाग द्वारा पनबस बने 31 साल हो गए हैं पर रूल लागू न करके कर्मचारियों का मानसिक और शारीरिक शोषण किया जा रहा है और विभागों को निजीकरण से बचाने के लिए, अपने हकों के लिए संघर्ष कर रहे कर्मचारियों पर नाजायज पर्चे डालकर दबाने की कोशिश की जा रही है।
यूनियन ने मांग की कि सरकार बिना किसी देरी के 2026 के बिल के तहत कर्मचारियों को कॉन्ट्रैक्ट पर करे, कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों को सर्विस रूल के अनुसार पक्का करे और संघर्ष के दौरान दर्ज किए गए नाजायज पर्चे रद्द करके सरकार तुरंत मांगें पूरी करके नोटिफिकेशन जारी करे।
सेक्रेटरी अंग्रेज सिंह सिद्धू ने बोलते हुए कहा कि सरकार सत्ता में आने पर पहले सेशन में मुख्यमंत्री साहब का बयान था कि ठेकेदारी प्रथा के जरिए कर्मचारियों की लूट होती है यह तुरंत बंद की जाएगी। पर आज सरकार के आखिर में एक बिल लाया गया है कि 3 और 5 साल वाले कर्मचारियों को कॉन्ट्रैक्ट पर लाया जाएगा जो कि सीधे तौर पर कर्मचारियों को बांटने और शोषण करने की नीतियां हैं। जत्थेबंदी द्वारा सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि आउटसोर्स के जरिए हो रही कर्मचारियों की लूट बंद करके कॉन्ट्रैक्ट पर लाया जाए और समयबद्ध समय में कर्मचारियों को रेगुलर किया जाए नहीं तो जत्थेबंदी द्वारा 21 अक्टूबर से सम्पूर्ण हड़ताल करके विधानसभा सेशन का घेराव करके और मुख्यमंत्री पंजाब के आवास पर पक्का धरना दिया जाएगा।
इस मौके पर सीनियर मीत प्रधान कुलविंदर सिंह रोमाना, उप प्रधान मनदीप सिंह, कुलदीप सिंह, गुरमीत सिंह आदि हाजिर थे।

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